बरसों से सोची कहानी पर कभी लिख ना पाई कहानी रचना आ गया पर लिखना नहीं आया अचानक से मिल गया वो जिसने राह दिखाई कहानी लिखना किया शुरू अपनीपहचान बनाई फिर एक दिन उठा पुरानी डायरी कविता पढ़ने बैठीकविता को लिखा ऐप में खूब तारीफ पाई उस दिन से कविता लिखने ...

लेकर हाथ में प्याली एक चाय सुकून वालीबालकनी में बैठ गईखोल कर किताब वो प्रेम कहानी वाली सुबह की भागदौड़ के बाद जो मिली है अब जाकर ये चाय की प्याली आंखे बंद करके होठों से लगा लिया ओर सुकून का घूंटगले से उतार लियाये सुकून कही ओर मिलता ही नहीं किताब स...
