दिल से दिल की दूरी नहीं होती,
हर मुलाक़ात अधूरी नहीं होती…
प्यार एक दरिया है हुस्न का,
जो जीने नहीं देती और मरने भी नहीं देती।दिल में रहकर दिल पर वार करते हो,
प्यार क्या है ये बार-बार कहते हो…
तुमसे प्यार का इज़हार किया,
तुम ही इसे प्यार नहीं, बकवास कहते हो। 💔कोशिश करना चाहता हूँ,
क्या होता है देखना चाहता हूँ,
दर्द, प्यार, दोस्ती, मोहब्बत तो कर ली,
अब शायरी करना चाहता हूँ... 🖋️
❤️"🥀 ❤️