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Alfaz dil ke

रोक सको तो गहरे सागर का पानी हूं, ना रोक सको तो कभी ना रुकने वाली नदिया हूं । जी सको तो खूबसूरत जिंदगानी हूं, ना जी सको तो दर्द भरी कहानी हूं । समझ ना पाया कोई कहानी , एक ऐसी दास्तां भरी ज़ुबानी हूं। कल तक बहते झरने की दीवानी , आज ठहरे कुएं का पानी हूं 🌹 🌹

Baatcheet