
जब घनघोर अँधेरा छा जाए,
आशा की लौ भी बुझ जाए।
तब अपने मन के कोने में,
एक किरण उम्मीद की जिंदा रख,
प्रयास कर, तू प्रयास कर!
जब डर को दूर भगाना हो,
काँटों पर चल कर जाना हो।
जब पर्वत चीर दिखाना हो,
सागर लाँघ कर जाना हो।
अडिग इरादा दिल में रखकर,
प्रयास कर, तू प्रयास कर!
जब कर्म की राह कठिन हो जाए,
और लक्ष्य भी दूर नज़र आए।
जब दुनिया ताने कसती हो,
मंज़िल भी तुझपे हंसती हो।
हर विफलताओं से सीख कर,
उठ खड़ा हो और प्रयास कर,
प्रयास कर, तू प्रयास कर!
प्रयास ही विजय दिखाएगा,
तेरे श्रम का फल, तू पाएगा।
मन में साहस रख कर,
तू गीत विजया का गाता चल,
प्रयास कर, तू प्रयास कर!
यही जीवन का सार अटल,
यही संघर्षों का अंतिम बल।
तू थक मत, तू रुक मत,
दृढ़ भाव बसा अपने मन
में,
तू प्रयास कर, तू प्रयास कर!